एनसीईआरटी का सिलेबस होगा आधा

केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने कहा कि केंद्रीय विश्वविद्यालयों के तमाम खाली पद शीघ्र भरे जाएंगे

नई दिल्ली। केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने कहा कि एनसीईआरटी का सेलेबस काफी मुश्किल है, इसलिए सरकार ने इसे घटाकर आधा करने का निर्णय किया है। उन्होंने कहा कि नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति के मसौदे के तहत कैबिनेट के सामने इस महीने के अंत में पेश किया जाएगा। उन्होंने छात्रों को बड़ी राहत देते हुए एक बड़ा कदम उठाया है, जिसमें जावेड़कर ने कहा इस शैक्षणिक सत्र से एनसीईआरटी के सेलेबस को घटाकर आधा कर दिया जाएगा।

शिक्षा के स्तर को सुधारने के लिए नई स्कीम

प्रकाश जावड़ेकर ने कहा शिक्षा के स्तर को सुधारने के लिए सरकार नई-नई स्कीम ला रही है। उन्होंने मीडिया को बताया ‘शिक्षा के साथ ही एक बच्चे को फिजिकल एजुकेशन और शिक्षा की जरूरत होती है। शिक्षा का मतलब केवल याद करना और उत्तर पुस्तिका में लिखना भर नहीं है।

शिक्षकों की खराब गुणवत्ता पर चिंता

मानव संसाधन विकास मंत्री जावड़ेकर ने कहा कि जितनी जरूरी शिक्षा है उतना ही जरूरी शिक्षक है। जावड़ेकर ने शिक्षकों की खराब गुणवत्ता पर चिंता जताते हुए कहा कि यदि ऐसा चलता रहा तो बच्चों की सीखने समझने की क्षमता पर असर पड़ता रहेगा। जो शिक्षा के लिए ठीक नहीं है। उन्होंने कहा, ‘शिक्षकों का मूल काम छात्रों की क्षमताओं और कमजोरियों का आकलन कर उन्हें उसी के हिसाब से आगे के लिए तैयार करना है। उन्होंने बताया कि शिक्षा के अधिकार अधिनियम के तहत वर्ष 2015 तक 20 लाख शिक्षकों को प्रशिक्षित किया जाना था लेकिन सिर्फ पांच लाख को ही प्रशिक्षित किया जा सका।

माध्यमिक शिक्षा में तृतीय श्रेणी शिक्षकों की सीधी भर्ती की मांग

श्रीगंगानगर। राजस्थान शिक्षक संघ आंबेडकर के सदस्यों ने माध्यमिक शिक्षा के स्कूलों में ग्रेड थर्ड शिक्षकों की सीधी भर्ती से पद भरने की मांग उठाई है। इन्हीं मांगों को लेकर संघ का शिष्टमंडल प्रदेश उपाध्यक्ष कृष्ण बारूपाल के नेतृत्व में केंद्रीय राज्य मंत्री अर्जुन मेघवाल से उनके दिल्ली स्थित कार्यालय में मिला। जिला उपाध्यक्ष गणपतराज ब्यावत ने बताया कि वार्ता में माध्यमिक शिक्षा में ग्रेड थर्ड शिक्षकों के पद 6 डी नियम के तहत प्रारंभिक शिक्षा से शिक्षकों का सेटअप परिवर्तन करके किया जाता है। इससे समस्या यह आती है कि एक तरफ माध्यमिक शिक्षा में पद भरते हैं और दूसरी ओर प्रारंभिक शिक्षा में पद खाली हो जाते हैं। वहीं लंबे समय पर पद खाली भी रहते हैं। इसलिए माध्यमिक शिक्षा में भी सीधी भर्ती के माध्यम से ग्रेड थर्ड शिक्षकों के पद भरे जाने चाहिए। इसके साथ रोस्टर रजिस्टर संधारित करने, पुरानी पेंशन स्कीम को लागू करने, शैक्षिक पदों का 30 सितंबर के नामांकन अनुसार पुनर्निर्धारण करने, व्याख्याता पद पर पदोन्नत द्वितीय श्रेणी शिक्षकों की एसीपी 10, 20, 30 की बजाय नियुक्ति पद अनुसार 9, 18, 27 वर्ष पर करने जैसी विभिन्न मांगें रखी हैं।