पूरा सत्र बीत गया, फिर भी नहीं मिली मेघावी छात्राओं को स्कूटी

scooty vitran in school for girls

औपचारिकाता में बीत गया सत्र

धूल फांक रही है स्कूटियां

विभागीय मंत्री के गृह जिले का है यह हाल

प्रतापगढ़। बालिका शिक्षा प्रोत्साहन देने के उद्देश्य से राज्य सरकार की ओर से निशुल्क स्कूटी योजना संचालित की जा रही है। लेकिन जिले में सत्र बीतने को आया है। और नया सत्र प्रारम्भ होने वाला है। जनजाति आवासीय बालिका छात्रावास में 171 स्कूटियां कागजी कार्रवाई के अभाव में धूल फांक रही है। इन स्कूटी का वितरण कब तक होगा, इसका सही जबाव भी अधिकारियों के पास नहीं है। जबकि मामला विभाग के मंत्री के गृह जिला यह अनदेखी की जा रही है।

क्या है योजना

राज्य सरकार की ओर से कक्षा 10वीं और 12वीं कक्षा में 65 फीसदी या उससे अधिक अंक लाने वाली जनजाति छात्राओं को इस योजना में शामिल किया जाता है। लेकिन वे छात्राएं राजकीय स्कूल में अध्ययनरत हो। और 10वीं और 12वीं कक्षा उत्तीर्ण होने के बाद भी राजकीय स्कूल और राजकीय महाविद्यालय में ही अध्ययनरत हो।

योजना का उद्देश्य

मूल रूप से योजना का उद्देश्य जनजाति क्षेत्र की बालिकाओं को राजकीय स्कूल से जोडऩा और श्रेष्ठांक के लिए प्रेरित करना रहा है। इस योजना के तहत गत सत्र 2016-17 में कुल 69 स्कूटियां वितरित की गई थी। योजना के परिणाम स्वरूप बालिकाओं ने जम कर पढ़ाई की और गत आंकड़ों को पछाड़ते हुए सत्र 2017-18 के लिए 171 छात्राएं चयनित हुई।

ये है पेंच

स्कूटी प्रदाता कम्पनी की ओर से रजिस्ट्रेशन, बीमा आदि कार्रवाही के लिए फार्म नम्बर 19, 21, 22 की दस्तावेजी खानापूर्ति समय पर नहीं की गई। हालांकि विभागीय अधिकारियों की ओर से इसके लिए प्रयास किए गए हैं। बावजूद इसके स्कूटियों का वितरण नहीं हो पा रहा है। इससे काफी परेशानी हो रही है।

शीघ्र वितरण होगा

मुख्यमंत्री के प्रस्तावित दौरे के दौरान स्कूटी वितरण की योजना है। फार्म नम्बर 22 जो स्कूटियों के रजिस्ट्रेशन से संबंधी कार्रवाई है। जिसे प्रदाता कम्पनी के जरिए पूरा करवाया जा रहा है। स्कूटी शीघ्र वितरित की जाएंगी।

-भेरूलाल मीणा, उपजिला शिक्षा अधिकारी, जनजाति विकास विभाग, प्रतापगढ़

निर्देश का इंतजार

मैं अभी अवकाश पर हूं, विभाग के मंत्री जी के निर्देश पर ही स्कूटियां वितरित की जाएगी।

-सुमन मीणा, परियोजना अधिकारी, जनजाति विकास विभाग प्रतापगढ़