सारथी बेटियां सीखेंगी कराटे, स्कूलों-कॉलेजों में लगेंगे कैंप

training of fighting for girls security

उदयपुर। बालिका पुलिस प्रशिक्षण अभियान गुरुवार शाम को बीएन ग्राउंड में शुरू हुआ। जयपुर से आई मार्शल आर्ट चैंपियन ऋचा गौड़ और लेडी पेट्रोल की टीम ने महिलाओं को कराटे व आत्मरक्षा के गुर बताए। उन्होंने महिलाओं से कहा कि आपको किसी पर निर्भर रहने की जरूरत नहीं है, आप खुद अपना बचाव करने में सक्षम हैं। सिर्फ आत्मविश्वास जगाइए। आईपीएस पंकज चौधरी ने बताया कि जुलाई, अगस्त और सितंबर तीन महीनों में उदयपुर में बालिका पुलिस प्रशिक्षण अभियान के तहत सारथी टीम स्कूल, कॉलेज, कोचिंग इंस्टीट्यूट्स, संस्थाओं और स्वयं सेवी संस्थाओं में जाकर प्रशिक्षण देगी। शिक्षण संस्थाएं और एनजीओ सुनिश्चित करें कि ज्यादा से ज्यादा बालिकाएं प्रशिक्षण में शामिल हों।

आईपीएस बोले- जब मेयर को बीट कांस्टेबलों की जानकारी नहीं तो लोगों का क्या

चौधरी ने कहा कि जब मेयर को बीट कांस्टेबल का पता नहीं है तो आम जनता को कैसे पता होगा। ऐसे में तीन महीने के प्रशिक्षण में बालिकाओं को पुलिस और कानून से संबंधित जानकारियां भी देने को कहा। उन्होंने कहा कि महिलाओं को जागरूक और मोटीवेट करने की जरूरत है। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में बालिकाओं, युवतियों और महिलाओं ने हिस्सा लिया।

सारथी की टीमें पंचायत समिति और पंचायत स्तर पर जाकर देगी प्रशिक्षण

बालिकाएं और महिलाएं अनहोनी घटनाओं को छिपाएं नहीं, पुलिस में रिपोर्ट दें

आईपीएस चौधरी ने बताया कि मई और जून इन दो महीनों में सारथी टीमें विभिन्न पंचायत समितियों और ग्राम पंचायतों में जाएंगी। वहां बालिकाओं और महिलाओं से संवाद कर उन्हें आत्मरक्षा के गुर सीखने के लिए प्रेरित करेंगी। सारथी टीमें महिलाओं को पुलिस-न्यायिक प्रक्रिया की जानकारी देकर किसी भी अनहोनी घटना को छुपाने के बजाय पुलिस में रिपोर्ट करने के लिए प्रेरित करेंगी।

जुलाई से तीन महीने चलेगी एकेडमी, महिला-बच्ची निशुल्क प्रवेश ले सकती हैं

सारथी रेंज प्रभारी गिरधारी सिंह ने बताया कि सारथी टीमें विभिन्न संस्थाओं में तो प्रशिक्षण देंगी ही, इसके अलावा यहां जुलाई से तीन महीने तक सारथी की एकेडमी भी चलेगी। यहां हर उम्र की बच्ची और महिलाएं निशुल्क प्रवेश ले सकेंगी। महिलाओं और बच्चियों को सारथी एकेडमी में आत्म रक्षा के सभी तरह के गुर सिखाए जाएंगे। इसके अलावा इनको पुलिस और न्यायिक प्रक्रिया की जानकारियां भी दी जाएगी। महिलाओं को मोटीवेट किया जाएगा, ताकि वे किसी विषम परिस्थिति में पूरे आत्मविश्वास के साथ उसका मुकाबला कर अपने आप को सुरक्षित रख सके।